डिजिटल मुद्रा ‘लिबर्टी रिजर्व’ के संस्थापक को 20 साल कैद

ऑनलाइन अंडरवल्र्ड बैंक के संस्थापक को 20 साल कैद

liberty-reserve-crackedपूरी दुनिया के अपराधियों के काले धन को सफेद करने वाली एक ऑनलाइन अंडरवल्र्ड बैंकिंग सेवा के संस्थापक को अमेरिका में 20 साल कैद की सजा सुनाई गई है। 42 साल का आर्थर बुदोवस्की डिजिटल मुद्रा ‘लिबर्टी रिजर्व’ के जरिये इस कारोबार को अंजाम देता था। अमेरिकी जिला जज डेनिस एल कोटे ने उस पर 5 लाख डॉलर (करीब तीन करोड़ 33 लाख रुपये) का जुर्माना भी लगाया है।

बुदोवस्की ने इसी साल 29 जनवरी को अपराधियों का अरबों डॉलर सफेद liberty-reserveकरने का जुर्म कुबूल किया था। उसके दो साथियों को तीन और पांच साल कैद की सजा सुनाई गई है। अन्य चार साथी फिलहाल सजा सुनाए जाने का इंतजार कर रहे हैं। न्यूयॉर्क के अटॉर्नी प्रीत भरारा ने बताया कि बुदोवस्की ने लिबर्टी रिजर्व की शुरुआत की थी। वह कोस्टारिका से ऑनलाइन अंडरवल्र्ड बैंक का संचालन करता था।

इसके माध्यम से वैश्विक स्तर पर बड़े पैमाने पर अपराध से होने वाली कमाई वैध की गई। अमेरिकी न्याय मंत्रलय के अनुसार 2005 में उसने इस बैंक की शुरुआत की थी। 2013 में जब उसका कारोबार बंद हुआ उस समय बैंक के 55 लाख से यादा ग्राहक थे। इनमें से छह लाख से यादा अमेरिकी थे। इस बैंक से 8 अरब डॉलर से यादा (करीब 53278 करोड़ रुपये) के 7 करोड़ 80 लाख से यादा लेन-देन किए गए।

4e2e4564-ca1c-11e2-8f55-00144feab7deबुदोवस्की को मई 2013 में स्पेन से गिरफ्तार किया था। अभियोग से बचने के लिए उसने अमेरिकी नागरिकता छोड़कर कोस्टारिका की नागरिकता ले ली थी। न्यूयॉर्क में अपने खिलाफ सुनवाई शुरू होने से तीन दिन पहले उसने अपराधियों के पाच करोड़ डॉलर धन को सफेद करने की बात मानी थी। 17 देशों की पुलिस मामले की जांच से जुड़ी थी

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