तीसरी दुनिया के सन्दर्भ में भारत और यूरोपीय यूनियन के सम्बन्ध

निर्विवाद तौर पर भारत को रणनीतिक साझेदार मानता है यूरोपीय संघ बदलते वैश्विक माहौल में अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता हासिल करने में नए सिरे से जुटा यूरोपीय संघ भारत को निर्विवाद तौर पर अपना एक अहम रणनीतिक साङोदार देश मान रहा है। विश्व पटल पर भारत की मजबूत हो रही छवि की वजह से यूरोपीय संघ […]

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द हिन्दू “China’s long game in West Asia” (हिंदी अनुवाद)

पश्चिम एशिया में चीन की बढती रूचि एवं रणनीति बरसों तक चीन पश्चिम एशिया के विद्युत क्षेत्र से अलग-थलग रहा है, यहां तक कि जब एक आर्थिक शक्ति के रूप में चीन का उदय हो रहा था और वह पश्चिम एशिया की प्रमुख शक्तियों से सहयोग की तलाश में था तब भी उसके संबंधों का […]

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विशेष आलेख : मई दिवस( 1 मई- श्रमिक दिवस)

मई दिवस : 1 मई श्रमिक दिवस  भूमिका : परिचय  शिकागो के हे मार्केट चौराहे पर 1 मई से 4 मई 1886 के चार दिनों में घटी घटनाएं बाद में खासतौर से 1890 से दुनिया भर की मेहनतकश जनता द्वारा हर वर्ष मनाए जाने वाले मई दिवस का आधार बनी हुई हैं।  1 मई 1886 […]

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द हिन्दू “Non Alignment to Multi-alignment” (हिंदी अनुवाद)

“Non Alignment to Multi-alignment” एक दौर था, जब गुट-निरपेक्ष आंदोलन (नैम) के शिखर सम्मेलन बेहद उबाऊ हुआ करते थे। हर कोई भाषणों की स्क्रिप्ट में धंसा होता, असहमतियों पर कागजी माथापच्ची होती और अंत में एक नीरस-सी विज्ञप्ति निकलकर सामने आती। नजीर के तौर पर, 1983 में नई दिल्ली में आयोजित 7वें नैम सम्मेलन को […]

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मुद्दा : भारत की वित्तीय मदद में ब्रिक्स विकास बैंक(NDB) एवं एशियन इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट बैंक(ADB) की भूमिका

मुद्दा : ब्रिक्स विकास बैंक एवं एशियन इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट बैंक एशियाई विकास बैंक  की भारत में आधाारभूत संरचना की स्थिति को सशक्त बनाने के लिए वित्तीय आपूर्ति को सुनिश्चित करने में भूमिका  एशियाई विकास बैंक एक क्षेत्रीय विकास बैंक है, जिसकी स्थापना 19 दिसंबर, 1966 को की गई थी। एशिया और प्रशांत क्षेत्र में गरीबी […]

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सरकारी ग्रामीण विकास कार्यक्रम -स्वर्ण जयन्ती ग्राम स्वरोजगार योजना

परिचय इस योजना की शूरूआत अप्रैल 1999 में की गयी है| इसका मुख्य उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे गुजर- बसर करने वाले ग्रामीण परिवारों को स्वयं सहायता समूहों का संगठन, प्रशिक्षण, ऋण, प्रौद्योगिकी और बाजार से जोड़कर स्वरोजगार प्रदान करना है | यह एक केंद्र संपोषित योजना है जिसके तहत योजना के पूर्व में संचालित […]

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महिला और बाल कल्याण

महिला तथा बाल विकास विभाग की स्थापना वर्ष 1985 में मानव संसाधन विकास मंत्रालय के एक अंग के रूप में की गई थी। इसका उद्देश्य महिला तथा बच्चों के समग्र विकास को बढ़ावा देना था। 30 जनवरी 2006 से इस विभाग को मंत्रालय का दर्जा दे दिया गया है। इस मंत्रालय का मुख्य उद्देश्य है […]

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राष्ट्रीय महिला आयोग

           स्थापना महिलाओं के लिए राष्ट्रीय आयोग की स्थापना राष्ट्रीय महिला आयोग अधिनियम 1990 (भारत सरकार की 1990 की अधिनियम सं. 20) के अंतर्गत जनवरी 1992 में संवैधानिक निकाय के रूप में निम्नलिखित उद्देश्यों के लिए की गई थी: महिलाओं के लिए संवैधानिक और कानूनी संरक्षण की समीक्षा करना; सुधारात्मक वैधानिक […]

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राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग

राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग का परिचय राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) बाल अधिकारों के सार्वभौमिकता और अखंडता के सिद्धांतों पर बल देता है तथा देश के बच्चों से जुड़े सभी नीतियों में अत्यावश्यकता की आवाज को आधिकारिक रूप से मान्यता प्रदान करता है। आयोग के लिए, 0 से लेकर 18 वर्ष की आयु […]

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राष्ट्रीय निगरानी प्रणाली : लापता और असुरक्षित बच्चों के लिए

योजना का परिचय केन्द्र प्रायोजित समेकित बाल संरक्षण योजना का लक्ष्य कठिन परिस्थितियों में रह रहे बच्चों जीवन में सुधार करने में योगदान करना है। यह योजना महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा चलाई जा रही है। आईसीपीएस के तहत राज्य सरकारों का कार्य एक चाइल्ड ट्रैकिंग प्रणाली को स्थापित करना है जो […]

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